दिल्ली चुनाव / इंदिरा-मोदी की राह पर केजरीवाल, कहा- विपक्ष मुझे हराना चाहता है और मैं भ्रष्टाचार पर जीत चाहता हूं - Bhaskar Crime

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दिल्ली चुनाव / इंदिरा-मोदी की राह पर केजरीवाल, कहा- विपक्ष मुझे हराना चाहता है और मैं भ्रष्टाचार पर जीत चाहता हूं

  • 1971 में इंदिरा गांधी ने गरीबी हटाओ का नारा दिया, इसी के दम पर वो सत्ता के शिखर तक पहुंचीं
  • 2019 के लोकसभा चुनाव में नरेंद्र मोदी भ्रष्टाचार हटाओ का नारा बुलंदकर प्रधानमंत्री बने

नई दिल्ली. दिल्ली विधानसभा चुनाव में अरविंद केजरीवाल उसी रणनीति को अपना रहे हैं, जिसके बलबूते इंदिरा गांधी और नरेंद्र मोदी सत्ता शिखर तक पहुंचे थे। केजरीवाल ने मंगलवार को एक ट्वीट किया। कहा- विपक्ष का मकसद मुझे हराना है और मैं भ्रष्टाचार पर जीत चाहता हूं। 1971 में इंदिरा गांधी ने गरीबी हटाओ का नारा दिया था। उन्हें जीत भी मिली। 2019 के लोकसभा चुनाव में नरेंद्र मोदी भ्रष्टाचार हटाओ, स्लोगन के सहारे प्रधानमंत्री बने। अब केजरीवाल भी इन्हीं तौर-तरीकों को अपनाते नजर आ रहे हैं। 
केजरीवाल ने क्या कहा?
केजरीवाल ने ट्वीट में विपक्ष पर निशाना साधा। कहा, “एक तरफ़ - भाजपा, JD(U), LJP, JJP, Congress, RJD और
दूसरी तरफ़ - स्कूल, अस्पताल, पानी, बिजली, फ़्री महिला यात्रा, दिल्ली की जनता। मेरा मक़सद है - भ्रष्टाचार हराना और दिल्ली को आगे ले जाना। उनका सबका मक़सद है - मुझे हराना।” दिल्ली के मुख्यमंत्री का ट्वीट इंदिरा गांधी और नरेंद्र मोदी के नारों की याद दिलाता है। इंदिरा और मोदी को जीत दिलाने में इन नारों की अहम भूमिका रही थी। अब केजरीवाल भी इसी रणनीति को आत्मसात करते नजर आ रहे हैं।
एक तरफ़ - भाजपा, JD(U), LJP, JJP, Congress, RJD

दूसरी तरफ़ - स्कूल, अस्पताल, पानी, बिजली, फ़्री महिला यात्रा, दिल्ली की जनता

मेरा मक़सद है - भ्रष्टाचार हराना और दिल्ली को आगे ले जाना,

उनका सबका मक़सद है - मुझे हराना
18.5 हज़ार लोग इस बारे में बात कर रहे हैं
इंदिरा का नारा और जीत का सफर
1967 के लोकसभा चुनाव में कांग्रेस को 283 सीटें मिलीं। 1971 के चुनाव के पहले बैंकों के राष्ट्रीयकरण और प्रिवीपर्स खत्म करने के फैसले लिए गए। इनका विरोध भी काफी हुआ। जब चुनाव हुआ तो इंदिरा ने नारा दिया, ‘वो कहते हैं- इंदिरा हटाओ। हमारा संकल्प है गरीबी हटाओ।’ इसका असर हुआ और कांग्रेस ने 352 सीटें जीत गई। दूसरी पार्टियां तो कांग्रेस के आसपास भी नहीं थी। तब भाजपा का जन्म भी नहीं हुआ। 

मोदी की रणनीति
2019 चुनाव के पहले कांग्रेस ने राफेल लड़ाकू विमान सौदे पर मोदी को घेरने की कोशिश की। राहुल गांधी ने सौदे में गड़बड़ी का आरोप लगाया। प्रधानमंत्री पर व्यक्तिगत हमले भी किए। मोदी की तरफ से जवाबी रणनीति में एक नारा खास था। उन्होंने कहा- मैं आतंकवाद, भष्टाचार और गरीबी मिटाने की बात करता हूं। विपक्ष मोदी को हटाने पर आमादा है। यह रणनीति बेहद कारगर साबित हुई और भाजपा ने खुद के बूते ही बहुमत हासिल कर लिया। अब केजरीवाल भी घुमाफिराकर इंदिरा और मोदी के नारों को नई शक्ल देने की कोशिश कर रहे हैं ताकि सत्ता शीर्ष तक पहुंचा जा सके।